कविता को पसंद आया बनाना लंड



loading...

मुझे मुंबई आये हुए कई दिन हो गये थे. मुझे मेरे मेल बोक्स में कई भाभियों के और इवन कुवारी लडकियों के मेल्स आ रहे थे. यह सब लेडिज मेरी चुदाई के तरीको से बहुत इम्प्रेस थी और मेरी प्रशंसा कर रही थी. पर अभी तक कोई भी मेरे साथ खुद सेक्स करने के लिए तैयार नही हो रही थी.

एक कविता भाभी थी नवी मुंबई से जो की डेली मेरे साथ चेट करती रहती थी और कभी कभी सेक्स की इच्छा भी जाहीर कर देती थी. उसका हस्बैंड गल्फ कन्ट्रीज में जॉब करता था और वह अपने घर पर अकेली थी और अपने हवस को शांत करना चाहती थी. तो मेने सोचा इसी को कन्विंस करता हु तो शायद मेरी बात बन जाये और उसे भी जो चाहिए था वह मिल जाये.

एक दिन जब उस के साथ बात हो रही थी तो, मेने उसे कह दिया की, मुझे आप बहुत अच्छे लगने लगे हो और मेरा अब आप के साथ क्वालिटी टाइम स्पेंड करने का मन हो रहा है. उसने कहा के तुम तो मुझे कभी मिले भी नही, फिर ऐसा क्या अच्छा लगा मुज मे आप को?

मेने कहा की, मुझे आपकी बातो में ही आपकी खूबसूरती नजर आ रही है. और में उस से मिलने की जीद करने लगा. बहुत ज्यादा भरोसा दिलाने के बाद हमने एक मोल में मिलने का फैसला किया. मेरा घर भी नवी मुंबई में ही है.

अगले दिन बताये हुए टाइम पर में उस मॉल में पहुच गया. तकरीबन १०:३० को उसका मेसेज आया के, में इस नाम के शॉप के पास खड़ी हु. में फटाफट  खुश होकर उस तरफ गया. पहले मेने उसे दूर से देखने को सोचा, जो शॉप उसने बताई, वहा पर एक ही औरत खड़ी थी. में समज गया यही होगी, उसने वाइट शर्ट के साथ गोल्डन ट्रौजर पहना था. बाल खुले छोड़े थे और हाथ में मोबाईल और हैंड बेग था.

उसका रंग सावला था. लेकिन उसकी पूरी पर्सनालिटी बहुत आकर्षक थी, बूब्स, हीप्स सब अच्छी सेप में थे. मेंने पास जा कर बात करने का फैसला किया, मेने पास जा कर अपना नाम बताया और मेने खुद का इंट्रो उसे दिया और उसने प्यारी सी स्माइल के साथ अपना नाम कविता बताया.

हम वहा एक कॉफ़ी कैफे में आ कर बेठ गये. मेने उसे मिलने के लिए थैंक्स कहा, तो वो बोली वो खुद काफी दिनों से सोच रही थी, मिलने के लिए. फिर हम ऐसे ही कुछ देर तक नोर्मल बाते करते रहे. यु ही बाते करते करते में आखिर मुद्दे पर आया.

मेने कहा आप बहुत आकर्षक है  और मेरा मन अब आपको देख कर बेईमान हो रहा है. वो स्माइल करते हुए बोली, आप जल्दबाजी कर रहे हो जनाब. मेने कहा, बातो में टाइम वेस्ट करने का क्या फायदा हे, हमारे मिलने का मकसद तो आप भी जानते हो, कविता बोली, ये भी सही है, पर आपकी स्टोरी से पता चलता है के आप अग्रेसिव फकर हो, और मुझे सॉफ्ट ओर सेंशुअल पसंद है.

मेने कहा कोई बात नही. आप जैसा चाहेंगी वैसा हम करेंगे. मेरे काफी कन्विंस करने पर वो मान गयी. में यह जन कर मन ही मन में बहोत खुश हो गया की अब मेरे लंड की गाडी सही पटरी पर निकल पड़ी हे और हमने कल उसके घर में ही सुबह ९ बजे मिलने का फैसला किया, जाते समय मेने उसके गाल पर किस कर दिया जिस से वो हेरान रह गयी. और फिर हसते हुए कीप काल्म कह के चली गयी.

में तो उस दिन में सिर्फ उसके ही बारे में सोच रहा था की वह कैसे कपड़े पहन कर मेरा स्वागत करेगी? और उसे अलग अलग कोण सी पोजीशन ज्यादा पसंत आती होगी और में उसे किस किस तरह से खुश करूँगा और में उसे अपने लंड का दीवाना किस तरह से बना दूंगा. यह सब सोच कर में पागल हुआ जा रहा था. फिर मेने रात का खाना खाया और अपने बिस्तर पर लेट कर सोने की कोशिश करने लगा लेकिन मेरे मन से और मेरी आँखों के सामने से उसकी सेक्सी फिगर कुछ किये हट नहीं रही थी और में सिर्फ उसी के बारे में सोचे जा रहा था.

थोड़ी देर के बाद में उठा और मेने देखा की मेरा लंड एकदम टाईट हो गया हे. में बात रम में गया और उसे याद कर के अपनी मुठ मार दी और वीर्य निकाल दिया. तब जाकर मेरा मन थोडा शांत हुआ और फिर में अपने बिस्तर पर आकर सोने की कोशिश करने लगा और थोड़ी देर में मुझे नींद आ गयी और मुझे सुबह कब हो गयी यह कुछ भी पता नहीं चला.

अगले दिन में ८ बजे उठ गया और ९:१५ बजे तक में उसके बताये हुए एड्रेस पर पहुच गया. कविता ने वाइट कलर का वेस्टर्न कैसुअल सा ड्रेस पहन रखा था. एक खुला सा लोअर जिसको शायद प्लाजो बोलते है, और उपर वाइट ही कमीज़ टाइप कुछ था.

कविता मुझे सीधे बेड रूम में ले गयी, उसने मुझे पानी दिया, फिर मेरे पास बेठ के बोली, अरे यार थोड़ी प्रॉब्लम हो गयी है. मेरी एक फ्रेंड आ रही है, १२ बजे तक, सो हमे ज्यादा टाइम नही मिल पाएगा.

मेने कहा कोई बात नही, तब तक आप स्वर्ग के दर्शन कर लेंगी. उसने मेरी तरफ देखते हुए बोला, यार मुझे जरा प्यार से चोदना में लंड को महीनो बाद देखती हु, छोटी छोटी गाजर मूली से काम चला लेती हु.

मेने पीछे से उसका सिर पकड़ के उसके मुह में मुह डाल लिया, और एक दुसरे के होठ चूसने लग गयी, कविता की लिपस्टिक का फ्लेवर काफी अच्छा था. जिस से किस करने में ओर भी ज्यादा मजा आ रहा था. और उसकी लिपस्टिक का कलर मेरे ओठो में भी बैठ गया था.

मेने एक हाथ उसकी कमर पर फिराते फिराते उसकी लोअर में डाल दिया. फिर गांड को हाथ से सहलाते सहलाते उसकी चूत पर ले गया, उसकी चूत पर काफी सारे बाल थे. मुझे अलग अलग चूत देखने का ओर फिर उन्हें चोदने का एक अजीब सा शोख है. और मुझे चूत की चटाई भी बहोत ज्यादा पसंत हे.

मेने उसे बेड पर लेटाया, और उसकी सलवार खीच के उतार दी, कविता ने पेंटी भी वाइट ही पहनी थी. मेने फटाफट वो भी उतार दी, और उसकी सावली चूत छोटे छोटे घने बालो के साथ मेरे सामने पड़ी थी. कविता की चूत गीली हो चुकी थी. कविता ने मेरा हाथ पकड़ा और अपने उपर चीख लिया.

फिर से हम एक दुसरे के मुह में खो गये, में अपने राईट हैंड की दो उंगलिया उसकी चूत में डाल के अंदर बहार करने लगा, और कविता आआ आआ ह्हह हाआ हा हाहा अम्म्मम्म  ऊउ म्मम्म ऊऊ ह्ह्ह्ह करने लग गयी. और मेरी शर्ट को कस के अपनी मुठी में भरने लग गयी.

मेने उसका हाथ पकड़ा, और अपना लंड जो की पत्थर बन चूका था, कविता के हाथ में थमा दिया, कविता हल्के हल्के हाथो से लंड सहलाने लग गयी, फिर वो एकदम से उठी, उसने मेरे लंड को थोडा गीला किया, और फिर सप्पा सप्पा कर के चूसने लग गयी.

उसने लंड को पूरा गीला कर दिया था. जिससे लंड चूसने की आवाज भी आ रही थी, मेरी लाइफ की ये अब तक की सबसे बेस्ट ब्लोजोब थी, सच पूछो तो पूरी पोर्न मूवी वाली फीलिंग थी, बैकग्राउंड में सुलतान मूवी का, “जग घुमिया” गाना चल रहा था.

मेरा मन तो सच में यही गा रहा था, क्यों के ऐसी ब्लोजोब सच में मुझे पूरे जग में नही मिली थी, मेरा लंड अब तेहलका मचाने को तैयार था.

मेने कंडोम पकड़ा, और कविता को बोला के तुम डालो कंडोम लंड पे, दोस्तों उसका कंडोम डालने का ढंग भी बहुत निराला था, उसने कंडोम लंड पर थोडा सा लगा के मुह के साथ बाकि का कंडोम पूरा लंड पर चढ़ाया, और फिर २ मिनिट चूसने के बाद बेड पर डोगी बन गयी, कविता ने अपना कमीज नही उतारा था, तो उसके कमीज ने उसकी गांड को ढका हुआ था.

आखिर कविता ने अपने कमीज को पीछे से उठा कर अपने गांड के आगे से परदा हटाया, और अपने चुदाई के रास्ते मेरे लिए खोल दिए, मेने लंड उसकी चूत पर रखा, और धीरे से उसकी चूत में डाल दिया.

कविता ने स्स्स्सूउ करके एक लम्बी आआआह्ह्ह भरी, में धीरे धीरे लंड अंदर बहार करने लगा. और कविता भी गांड आगे पीछे करके मेरा पूरा साथ देने लगी, कविता की गांड पर दोनों हाथ रख कर के में उसकी चुदाई का मजा ले रहा था. और कविता भी गर्दन किसी डक की तरह उठा के बंद आँखों से लंड की सलामी ले रही थी.

थोड़ी देर में उसे उठाया, और पास पड़े एक कपड़े इस्त्री करने वाले टेबल पर उसे लेटा दिया, फिर मेने उसकी टाँगे फैला दी, और लंड पूरा उसकी चूत में डाल के उसकी टांगे अपने कंधो पर रख ली, और इस बार तेजी से जटके मरने शुरू कर दिए, इस पोज में लंड एक तो पूरा उसकी चूत को रगड रहा था, और दूसरा सीधा उसकी जी-स्पॉट को हिट कर रहा था.

कविता आआआआ हाहाहा आआ आआ ह्ह्हह्ह्ह्ह ऊम्म्म ऊओह्ह्ह ओह्ह्ह्हह्ह आआ आआ हाहा हा ऊऊऊओह्ह्ह ऊउह्ह्ह्ह कर रही थी, और अभी भी उसकी आँखे बंध ही थी. कविता का सावला चेहरा पूरा पसीने से लथपथ हो गया था और वह अब बुरी तरह से हांफ रही थी.

फिर मेने ऐसे ही चोदते चोदते टेबल पर बेठा कर हग कर लिया, कविता ने अपनी टांगे मेरी कमर पर लपेट ली, और हम एक दुसरे को जोर जोरसे किस करने लगे, नीचे उसकी चूत की चुदाई का मजा यु ही चलता रहा, कविता मुझे अपनी बाहो में भर के अपनी तन्हाई को मिटाने की कोशिश कर रही थी.

वो फिर टेबल पर लेट गयी, मेने जटको की स्पीड बधाई, और उसकी बालो वाली चूत में मेरा लंड कही गुमसा होता नजर आ रहा था. कविता अब जोर जोर से आहे भरने लगी. मेरा लंड भी अब ज्वालामुखी की तरहा अब अपना लावा उगलने को तैयार था. कविता का शरीर भी अब अकड रहा था.

२ मिनिट बाद उसने दोनों हाथो में मुठी भरते हुए आआआआआ आआऊउह्ह्ह यीईएह्ह्ह्ह ह्हहाआअ आआआआ हाहाहा करके अपना पानी निकाल दिया, कुछ देर बाद अपनी सांसे कंट्रोल कर के वो नीचे बेठी. और कंडोम निकाल के मेरा लंड अपने मुह में भर लिया, और पुरे जोश के साथ मेरा लंड चूसने लग गयी.

वूऊह्ह्ह्ह आआआ इतना रोमांस मेरे मन में कभी नही भरा था. जितना उसकी ब्लोजोब   से आता था. उसे अहसास हुआ के में अब जडने वाला हु.

उसने मेरा लंड तेजी से हाथो से हिलाना शुरू कर दिया, मेने अपना सारा माल उसके मुह और गर्दन पर छोड़ दिया. कुछ छीटे उसके वाइट कमीज पर भी पड़ गये.

कविता बोली, ओह शीट, अब ड्रेस चेंज करना पड़ेगा.

मेने कहा की, में भी निकलता हु. उसने कहा की मुझे भी मोल जाना है. कुछ सामान लेने के लिए, तो साथ में चलते है. मुझे ड्रोप कर देना प्लीज, फिर वो ड्रेस चेंज करने चली गई.

में ड्राइंग रूम में बेठा था. कविता लाइट ग्रीन कलर का एम्ब्रोडरी पैजामा सूट पहन कर बहार आई, जिस में वो बहुत खूबसुरत लग रही थी. मेरा मन फिर से बेईमान हो उठा था.

मेने कहा, “कविता इस ड्रेस में तो तुम पहले से भी ज्यादा खुबसुरत लग रही हो,       यार? वो हसने लग गयी.

में आगे बढ़ के उसके गाल पर किस कर दिया, जिससे वो थोडा शर्मा सा गयी, मेने उसके हाथ हाथो में लिए, फिर उसकी आँखों में देख के उसे स्मूच करने लगा. और कविता भी मेरा साथ देने लगी.

ऐसे मेने उसकी पैजामी ढीली कर के घुटनों तक उतार दी, और उसे सोफे पर डोगी बना दिया, इस बार मेने उसके कहने पर उसकी गांड में लंड डाला, और जम के उसकी गांड मारी, फिर कविता ने अपने आपको थोडा साफ किया, और हम दोनों एकसाथ उसके घर से निकल गये.

जाते समय हम बाते कर रहे थे, की हमे क्या क्या अच्छा लगा. हमारी पहली सेक्स डेट पर, मोल पहुचने पर उसने बताया की, उसे मेरा लंड बहुत अच्छा लगा. क्यों की कई बार बनाना अपनी चूत में डालती थी, जिससे उसे बहुत मजा आता था, इसलिए उसे बनाना शेप लंड से चुदने का बहुत मन था. और मेरा बनाना मोटा भी बहुत था.

मेने गाड़ी पार्किंग में ले जा कर एक डार्क कार्नर में लगा दी, और लंड निकाल के बोला, कविता तुम चाहो तो एक बार ओर बनाना खा लो, कविता ने १५ मिनिट तक मेरा लंड चूसा, और फिर मेरा सारा पानी पी के मोल में चली गयी. और में अपने रास्ते निकल गया.



loading...

और कहानिया

loading...
2 Comments
  1. karan
    December 5, 2017 |
  2. SATISH KULKARNI
    December 5, 2017 |

Online porn video at mobile phone


wafr pate xxx khine in hindesxsi sitori hindi mepati patni kiजपानी लरकी बुर फारा कहानीया HDxxx chudai ki khani mota land se bahu ki chudai hindi sexy kahania. comदोस्त की वाइफ को छोड़ा स्टोरीphoto ke sath rishto me chodai ki kahanicondom lagake bur ki xxxt kahaniमौसी के साथ चोदा बेटा शेकशी बिजीयोजपानी लरकी बुर फारा कहानीया HDwast bangal bhasha jabadati xxx videomaa ke chudei sex khani allक्ष वीडियो वुमन गन्दी गली सेक्स कॉमkuori ldki phli bar suhagrat xxx videoxxx hindi kahani patni aur sister kiSakse.kaneya.baap,bateभाई बहिन की नंगी कहानीwww antaravasnasex story.comghar me hot bhen ki ghodi xvedioडांस कर ते माँ की चूचि सेक्सी स्टोरीससेक्सी पिक्चर HD वीडियो डॉट कॉम कॉलेज ना इसलिए नौकरी वालाjawani sex kahani.inras bhari chut xxxkamwali ke sat xxx vediohindi mantarwasna hindi sex storysexyhotchachisax kie khanie hindi didi chache bateja gurop saxnew kamukta com tagindan maa bata xxx kahanejbrjsti mujhe chudai huiPatni ki gand jabardasti Dosti Patel sex video downloadingnightdear hot storyहिंदी बाते करते हुयें चुदाई विडियोकहानी कुवारी लड़की कैसे चुदती हैkabita ke chudai ki khaniमैं ndiachudaiSAXSE.KHANEYAsex stories yum chudass bari maapdos vali nangi bhabiदीदी की साथ रात को सोया चाधर मे चुदाई2018 की बहन ने अपने भाई से बुर पेलवाइ कहानियाँma ko dopehar ko bedroom me blue film dikhakar chudai photoRekha didi ki all sexy kahaniya Hindi Likhit meinsex ladki ki juba kahaniaurat hindhi sex storyमेरा पति कुत्ते की तरह मेरी चुत चाटते है लंबी चुदाई की कहानीantrvasna.hindi.xxxx.khani.hindi.mehindi saxa stores ak bar mare sister ko chudochori chori chipke saxदीदी ने चूत दी कहानीantarvasna behanbhabi didi maa khala ki samuhik chudai sto in muslim pariwarxxx khani hindimaa ki chudai papa khatam hone pe barsat me ki xxx bf kahani hinde mesex story zob vli hindi msharabi se chudai ki hindi kahanisavita bhabhi ki cudaichutchodnekikahaniबडी साथ चडाई कहानियाँभाभी दीदी चुत नंगी रंङीsexkahane henberestey m chodai hinde kahaneAnterawsna didi ke दूध मैंने अपनी बड़ी मा को जबरदस्त चोदाई कहानी काम मसत राम की सबसे सैसी कहानीbahan ki saheli ko bandhkar choda kahanikamuktaXNX लिखित मे कहानी HINDI मेSexy mami bhanja adieo khaniMa ki chodai mut pila ka khaniसेकस केदीवाने चुदाई कथाparavarik gurup sexy hindi kahaniantarvasna holi kamuktaharyanvi sex kahaniyaमाँ बेटा और बहेन सेक्स कथा 2018hindi sex stories/chudayiki sex kahaniya. antarvasna com. kamukta com/tag/page 69--98--156--222---320godh me uthakar chudaiगल चूदाई कहानीइंजीनियरिंग कॉलेज में शालू की चूत चुदाईsexyi gandi m.n.kahani hindi me